मुख्य कारण
जीभ और दांतों पर बैक्टीरिया का जमाव
मसूड़ों की बीमारी जैसे पायरिया
मुँह की पर्याप्त सफ़ाई न रखना
सूखा मुँह या लार की कमी
तंबाकू व शराब का सेवन
गले या टॉन्सिल की समस्या, पेट की गड़बड़ी
कुछ अंदरूनी बीमारियाँ (जैसे डायबिटीज, किडनी, लिवर रोग)
बचाव और घरेलू उपाय दिन में दो बार दांत और जीभ की सफाई करें
खाने के बाद मुँह में कुल्ला करें, पानी खूब पिएँ
इलायची, तुलसी, लौंग, सौंफ का सेवन करें — इनके एंटीबैक्टीरियल गुण मददगार हैं
नींबू या अदरक के पानी से कुल्ला करें
धूम्रपान व तंबाकू से बचें
दही, छाछ, हर्बल चाय आदि पिएँ — ये पाचन को सुधारते हैं
अल्कोहॉल-फ्री माउथवॉश का इस्तेमाल करें
समय-समय पर डेंटिस्ट से जाँच कराएँ
कब डॉक्टर से मिलें? अगर
समस्या लंबे समय तक रहे,
मुँह या गले में घाव, खून आना या गांठ जैसा लक्षण दिखे,
घरेलू उपायों से भी राहत न मिले, तो विशेषज्ञ की सलाह लें।
नियमित ओरल हाइजीन और स्वस्थ जीवनशैली से मुँह की बदबू से आसानी से बचा जा सकता है। अगर समस्या बनी रही तो डॉक्टर से परामर्श जरूर करें।